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श्रीराम एयरपोर्ट से उड़ान भर सकेंगे दो सौ सीट वाले विमान


अयोध्या। (यू एफ टी) श्रीराम एयरपोर्ट का रनवे बढ़ाने की तैयारी शुरू हो गई। इस एयरपोर्ट से 180 से लेकर 200 सीट तक वाले विमान उड़ान भर सकेंगे। लंबी उड़ान के वायुयानों के लिए भी एयरपोर्ट अथॉरिटी रनवे तैयार करेगा।

अयोध्या। (यू एफ टी) श्रीराम एयरपोर्ट का रनवे बढ़ाने की तैयारी शुरू हो गई। इस एयरपोर्ट से 180 से लेकर 200 सीट तक वाले विमान उड़ान भर सकेंगे। लंबी उड़ान के वायुयानों के लिए भी एयरपोर्ट अथॉरिटी रनवे तैयार करेगा। करीब 601 एकड़ भूमि की जरूरत इसके लिए होगी। पहले से एयरपोर्ट के विकास के लिए प्रस्तावित 263 एकड़ भूमि भी इसमें शामिल है। लगभग दो सौ एकड़ भूमि खरीदी जा चुकी है। खरीदी गई दो सौ एकड़ भूमि के अलावा उसमें से बची 63 एकड़ को शामिल करने पर लगभग चार सौ एकड़ भूमि और खरीदी जाएगी। शासन के पत्र के बाद जिलाधिकारी अनुज कुमार झा ने एसडीएम सदर ज्योति सिंह व विशेष भूमि अध्याप्ति अधिकारी जेपी सिंह के साथ गुरुवार को बैठक की। बैठक में तहसीलदार, राजस्व निरीक्षक व लेखपाल तक शामिल रहे। अगले सप्ताह भूमि क्रय समिति की बैठक बुलाए जाने की संभावना है। उसी के बाद प्रस्तावित भूमि का ब्योरा शासन भेजा जाएगा। एसडीएम सदर ने बताया कि एयरपोर्ट के लिए भूमि खरीदने की प्रक्रिया पहले से शुरू है, जो भी निर्देश होगा,अनुपालन कराएंगे। सूत्रों के अनुसार 0.48 मिलियन यात्री प्रति वर्ष (एमपीपीए) घरेलू यातायात का आकलन एयरपोर्ट अथॉरिटी का पहले रहा। भविष्य में रामनगरी में यात्रियों की संभावित वृद्धि के लिहाज से प्रदेश सरकार ने भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण से बड़े वायुयानों की उड़ान के लिए एयरपोर्ट को विकसित करने का अनुरोध किया है। शासन का पत्र एयरपोर्ट के वास्ते और जमीन लेने के लिए आया है। प्रस्तावित भूमि हवाई पट्टी के तीन किमी के दायरे में ली जानी है। इसमें 15 एकड़ भूमि परिचालन व सुरक्षा कर्मियों की आवासीय व्यवस्था के लिए होगी। प्रस्तावित भूमि दो चरणों में ली जाएगी। पहले चरण में ए 321 प्रकार के विमानों के संचालन व अन्य प्रावधानों के लिए 463.10 एकड़ भूमि की आवश्यकता होगी। दूसरे चरण में बी 777-300 प्रकार के विमानों के संचालन के लिए 122.87 एकड़ की जरूरत होगी। प्रदेश सरकार पहले ही करीब सवा पांच अरब रुपये भूमि खरीदने के लिए जिला प्रशासन को उपलब्ध करा चुकी है। जनौरा, गंजा व धर्मपुर सआदत के किसानों से सहमति के आधार पर खरीदी जा रही है।

अजय सिन्हा

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